कोलंबो. वर्ल्ड कप में भारत ने पाकिस्तान को 61 रनों से हरा दिया. यह मैच केवल हार नहीं, पाकिस्तान के लिए एक दर्दनाक यादगार रहा. 176 रनों का पीछा कर रही पाकिस्तान की टीम महज 114 रनों पर ऑल आउट हो गई.
कोलंबो में खेले गए इस मैच में पिच स्पिन फ्रेंडली होने के आसार थे, जिसकी वजह से भारत ने अर्शदीप सिंह को बाहर बिठाकर कुलदीप यादव को मौका दिया.
ईशान किशन की निर्णायक पारी
भारत की बल्लेबाजी में सबसे ज्यादा योगदान ईशान किशन का रहा. उन्होंने 40 गेंद में 77 रन की शानदार पारी खेली, जिसमें 10 चौके और तीन छक्के शामिल थे. उनका स्ट्राइक रेट 192.5 रहा.
टॉस जीतकर पाकिस्तान ने भारत को बल्लेबाजी के लिए भेजा. भारत की शुरुआत कुछ खास नहीं रही और अभिषेक शर्मा शहंशाह अफरीदी की गेंद पर शून्य रनों पर आउट हो गए. ईशान किशन ने पारी को संभालते हुए टीम को मजबूत आधार दिया.
आखिरी ओवरों में शिवम दुबे ने 17 गेंद में 27 रन और रिंकू सिंह ने महज 4 गेंद में 11 रन की तूफानी पारी खेली, जिसमें एक चौका और एक छक्का शामिल था. इन पारियों की बदौलत भारत ने 175 रन का मजबूत स्कोर खड़ा किया.

पाकिस्तान की बड़ी भूल
पाकिस्तान की बोलिंग में सबसे बड़ी गलती तब हुई जब दो बाएं हाथ के बल्लेबाज बल्लेबाजी कर रहे थे और सलमान अली आगा ने अबरार अहमद के रूप में दाएं हाथ के लेग स्पिनर को उतार दिया. अबरार अहमद ने तीन ओवर में 38 रन दिए और एक भी विकेट नहीं ले सके.
पाकिस्तान के पास उस वक्त उस्मान तारिक और सैम अयूब जैसे विकल्प थे. यहां तक कि कप्तान आगा के ओवर भी बाकी थे. यह क्रिकेट की बहुत बड़ी रणनीतिक भूल थी.
भारत की घातक गेंदबाजी
176 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए पाकिस्तान की शुरुआत बेहद खराब रही. हार्दिक पांड्या ने पहले ओवर में ही फरहान को आउट कर दिया. दूसरे ओवर में बुमराह ने सैम अयूब और कप्तान सलमान अली आगा को पवेलियन भेज दिया.
बाबर आजम पर सारी उम्मीदें टिकी थीं, लेकिन अक्षर पटेल ने उन्हें बोल्ड कर पाकिस्तान की कमर तोड़ दी. उस्मान खान ने थोड़ा संघर्ष किया, लेकिन वह भी टीम इंडिया के आगे नहीं टिक सके. आखिर में भारत ने तिलक वर्मा और रिंकू सिंह से भी गेंदबाजी कराई और पाकिस्तान 114 रनों पर सिमट गई.
पाकिस्तान की खुद की हार
कुल मिलाकर पाकिस्तान इस मैच में अपनी पकड़ खुद ही गंवा बैठा. बल्लेबाजी में गैर जिम्मेदाराना शॉट्स और गेंदबाजी में गलत रणनीति ने पाकिस्तान को इस शर्मनाक हार की ओर धकेल दिया. युवा कप्तान सलमान अली आगा ने बोलिंग में जो गलतियां कीं, वह उनकी अनुभवहीनता को दर्शाती हैं. भारत के लिए यह जीत वर्ल्ड कप में एक मजबूत संदेश है.
